“श्रेय – प्रेय” प्रबंधन “श्रेय – प्रेय” प्रबंधन धारणा कठोपनिषद से उपजी है । कठोपनिषद में श्रेय तथा प्रेय का विवेचन नचिकेता के संदर्भ में है । पूरे कठोननिषद में नचिकेता के प्रारंभ से…
सकारात्मक सुरक्षा संस्कृति समय की माँग विश्व इतिहास का पहला कारखाना ईस्वी 1317 में ब्रिटेन के एमीनस् शहर में 120 श्रमिकों का लगाया गया था । सोलहवीं सदी में छः सौ, सात सौ श्रमिकों वाले बुनाई…
“कदम ताल सम्हल, सम्हाल” मेरा सात साल का लड़का नमित रात डायनिंग टेबल पर हंसते हंसते दिन की घटना जताता है । ”मैं फुटबाल खेल रहा था । संतोष गोली था । मैंने किक…
“स्वस्ति पंथा मनु चरेम…” प्रबंधन स्वस्ति का अर्थ शुभ तथा कल्याण कर होता है । स्वस्ति रास्तों पर मानव को चलना चाहिए । स्वस्ति रास्तों पर मानव कैसे चल सकता है ? क्या शुभ रास्तों…
‘अनाज प्रबंधन’ अनाज को वेदों में ‘औषध’ कहा गया है, ‘‘औष’’ अर्थात् ओषजन या प्राण के साथ संयुक्त होता है या प्राण धारण में शक्ति में परिवर्तित होता है जो वह है…
‘‘अस्तित्व-पहचान’’ आइडेंटिटी का नाम ‘‘अस्तित्व पहचान’’है । ‘‘अस्तित्व पहचान’’का सटीक होना राष्ट्र, उद्योग, समाज, परिवार आदि की उन्नति के लिए आवश्यक है । ‘‘अस्तित्व पहचान संकट’’(आइडेंटिटी क्राइसिस) पैदा हो जाने पर…
निर्दोष प्रबन्धन वर्तमान युग में निर्दोष प्रबन्धन का नाम शून्य त्रुटि या झीरो डिफेक्ट प्रबन्धन है। निर्दोष का सरलार्थ है दोष रहित। या शून्य दोष व्यवस्था। यह चिन्तन करने योग्य तथ्य है…
वेदों का वेद- “ब्रडाब्रनि प्रबंधन” इन्द्र ब्रह्म- सर्वगुण आभार शुभ ही शुभ । त्रातारम् इन्द्र- शुभ ही शुभ पालन-लालन है जिसके, अवितारम् इन्द्र- बोध, प्रतिबोध, अस्वप्न, अद्रवता, जागृति, इन्द्रिय चैतन्यता (चेतन अवचेतन स्वस्थता) – उत्तम…
“वैदिक बेंच मार्किंग” (VEDIC – BENCH MARK) वेद स्वयं एक बेंच मार्क है। वेद का हर शब्द ‘तरलता’गुण के कारण एक-एक व्यवस्था को दर्शाता है । इन ‘शब्द’परिभाषाओं के साथ ही साथ वेदों में विशिष्ट सूक्त हैं।…
त्र्यायुष प्रबन्धन हर कार्य की मुख्य रूप में तीन अवस्थाएं होती हैं। एक बाल्यावस्था, दूसरी यौवनावस्था, तीसरी वृद्धावस्था। इन तीन अवस्थाओं के नियमन, संचालन का प्रबन्धक त्र्यायुष कहलाता है। इन तीन अवस्थाओं…
स्वधा प्रबन्धन अति आत्म साधना का एक समुच्चय ”स्वधा“”स्वदा“संबंधि भी है। वह इस प्रकार है- सप्त अर्चना गृहनियन्ता विश्वे देवा बलधा बलदा ओजधा ओजदा ऋतधा ऋतदा शृतधा शृतदा अमृतधा अमृतदा स्वधा स्वदा…
स्व कार्यावस्था क्रिकेट में इनाम है मैन ऑफ द मैच, सुपर सिक्सर, सुपर कैचर आदि। इनाम करीब हजार-हजार डालर के हैं। नाम सुन मुंह में पानी भर आता है। और क्रिकेटर इन्हीं…