अनुवाद कला अभ्यास २ November 10, 2019 By Arun Aryaveer १. देवापि , शन्तनु और वाल्हीक ये प्रतीक के पुत्र थे |= देवापि: शन्तनु: वाल्हीकश्च प्रातीका: आसन् | २. कर्ण और अश्वथामा पाण्डवों के जानी दुश्मन थे |= कर्ण: अश्वथामा च पाण्डवानां प्राणद्रुहौ दुर्हृदौ आस्ताम् | ३. अच्छा यहि ठहरा कि राम श्याम और में अपना झगडा गुरुजी के सामने रख देंगे |= इदं तावद् व्यवस्थितं राम: श्यामोsहं च विवादपदं गुरवे निवेदयिष्याम: | ४. तुम ने और तुम्हारे भाई ने परिश्रम से धन कमाया और योग्य व्यक्तियों को दिया |= त्वं त्वदीयश्च भ्राता परिश्रमेण धनम् आर्जयतं पात्रेषु च प्रत्यपादयतम् | ५. तू और मैं इस कार्य को मिलकर कर सकते हैं , विष्णुमित्र और यज्ञदत्त नहीं |=त्वमहं च इदं कार्यं सम्भूय कर्तुमर्हाव: विष्णुमित्र: यज्ञदत्तश्च न | ६. न तुझे और न मुझे भविष्यत् का ज्ञान है , क्योंकि हमें आर्षदर्शन प्राप्त नहीं है |= न त्वमायतिं प्रजानासि न चाहं न हि आवयो: आर्षं दर्शनं समस्ति | ७. न तुम और न ही तुम्हारा भाई जानता है कि स्वाध्याय में प्रमाद हानि करता है |= न त्वं प्रजानासि न तव भ्राता यद् स्वाध्याये प्रमाद: रेषति | ८. इस समय न राजा और न ही प्रजा प्रसन्न दीखते हैं , कारण कि सभी कर्तव्य से विचलित हो रहें हैं |= एतर्हि न च राज्ञा न च प्रजया प्रसीद्यते यतो हि सर्वैः कर्तव्याद् विचल्यते | ९. इस दुश्चेष्टित का तुम्हें और उन्हें उत्तर देना होगा |= त्वं वा ते वा दुश्चेष्टितम् इदम् अनुयोज्या: सन्ति | १०. बहू और सास की खटपती रहती है , इसलिये घर में शान्ति नहीं |= वधू: श्वश्रूश्च नित्यं कलहायेते अत: गेहे शान्तिर्न गाहते | ११. यह बल का काम या तो भीम कर सकता है या अर्जुन ; कोई और नहीं |= अस्मिन् बलकार्ये भीम: समर्थ: अर्जुनो वा नेतर: | १२. कहा नहीं जाता कि मैं उन्हें जीतू अथवा वे मुझे जीते |= न कथ्यते यद् अहं वा तन जयेयं वा ते माम् | १३. मैं जानता हूँ या ईश्वर जानता है कि मैंने तुम्हे धोखा देने की चेष्टा नहीं की |= अहं जाने ईश्वरो वा यद् अहं त्वां वञ्चयितुं नाचेष्टे | १४. देवदत्त ने या उसके साथियों ने कल यह ऊधम मचाया था |= देवदत्तो वा तत्सहाचरा वा ह्य: इमम् उद्धमम् आचरन् | १५. भूमि पर पडे हुए उस महानुभाव के शरीर को न कान्ति छोडती है , न प्राण , न तेज और न पराक्रम |= भूमौ पतितं तस्य महानुभावस्य शरीरं न कान्ति: जहाति न प्राणा: न तेज: न च पराक्रम: | अनुवाद डॉ. शीतल जी पोकार (आर्यवन आर्ष कन्या गुरुकुल, रोजड़, गुजरात) Leave a Reply Cancel replyYour email address will not be published. Required fields are marked *Comment * Name * Email * Website Save my name, email, and website in this browser for the next time I comment.